Jun 17, 2026

धनबाद में मातृ वंदना योजना के लाभार्थियों को बड़ी राहत, रुके हुए मामले जल्द होंगे हल

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प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के क्रियान्वयन में सामने आ रही लापरवाही और लंबित मामलों को लेकर धनबाद जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। समाहरणालय सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान उप विकास आयुक्त (डीडीसी) सन्नी राज ने कई प्रखंडों में योजना की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए संबंधित महिला पर्यवेक्षिकाओं को कड़ी फटकार लगाई। वहीं उत्कृष्ट कार्य करने वाली पर्यवेक्षिकाओं को सम्मानित कर अन्य कर्मियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित भी किया गया।

बैठक में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत लंबित आवेदनों, एनपीसीआई अपडेट, पोषण ट्रैकर और अन्य तकनीकी व प्रशासनिक बिंदुओं की विस्तृत समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान यह तथ्य सामने आया कि कई क्षेत्रों में आवेदन निष्पादन की प्रक्रिया अपेक्षित गति से नहीं चल रही है। इसके कारण बड़ी संख्या में लाभुक महिलाओं को समय पर योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। इस पर डीडीसी सन्नी राज ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए स्पष्ट कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की ढिलाई या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों और पर्यवेक्षिकाओं को चेतावनी देते हुए कहा कि लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित किया जाए और लाभुकों को किसी भी तरह की तकनीकी या प्रशासनिक बाधा का सामना न करना पड़े। डीडीसी ने विशेष रूप से एनपीसीआई अपडेट में आ रही समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए निर्देश दिया कि बैंकिंग और तकनीकी त्रुटियों का तत्काल समाधान किया जाए, ताकि लाभार्थियों के खातों में राशि समय पर पहुंच सके। उन्होंने कहा कि मातृ वंदना योजना गर्भवती और धात्री महिलाओं के स्वास्थ्य एवं पोषण से जुड़ी एक महत्वपूर्ण योजना है, इसलिए इसमें किसी भी स्तर पर देरी सीधे लाभुकों को प्रभावित करती है। बैठक के दौरान उन्होंने सभी महिला पर्यवेक्षिकाओं को नियमित फील्ड विजिट, लाभुकों से संपर्क और योजनाओं की सतत निगरानी करने का निर्देश दिया। साथ ही कार्यों की जवाबदेही तय करते हुए कहा कि भविष्य में भी प्रखंडवार प्रगति की लगातार समीक्षा होगी। यदि किसी स्तर पर कार्य में लापरवाही पाई गई तो संबंधित अधिकारी या कर्मी के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। हालांकि बैठक में केवल कमियों पर ही चर्चा नहीं हुई, बल्कि बेहतर कार्य करने वाले कर्मियों को प्रोत्साहित भी किया गया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली महिला पर्यवेक्षिकाओं को सम्मानित कर प्रशासन ने यह संदेश दिया कि मेहनत और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने वालों को उचित पहचान और सम्मान मिलेगा। बैठक में उपायुक्त आदित्य रंजन, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी स्नेह कश्यप सहित जिले के सभी प्रखंडों की महिला पर्यवेक्षिकाएं उपस्थित रहीं। अधिकारियों ने योजना के शत-प्रतिशत प्रभावी क्रियान्वयन का भरोसा दिलाया। जिला प्रशासन की इस सख्ती को मातृ वंदना योजना के लाभार्थियों के लिए सकारात्मक कदम माना जा रहा है। उम्मीद की जा रही है कि लंबित मामलों के जल्द निपटारे और निगरानी व्यवस्था मजबूत होने से हजारों महिलाओं को समय पर योजना का लाभ मिल सकेगा तथा सरकारी योजनाओं के प्रति लोगों का विश्वास और मजबूत होगा।